Wednesday, August 14, 2019

किसानों को साहूकारी कर्ज़ से मुक्त करने की मांग की किसान सभा ने

मध्यप्रदेश में सभी आदिवासियों पर चढ़े साहूकारी कर्ज़े को माफ करने तथा उनकी गिरवी रखी जमीन और जेवर वापस करवाने की स्वागतयोग्य घोषणा मध्यप्रदेश की कांग्रेस सरकार ने विश्व आदिवासी दिवस के मौके पर की है। इसके बाद छत्तीसगढ़ किसान सभा ने छत्तीसगढ़ में भी किसानों को उन पर चढ़े साहूकारी कर्ज़े से मुक्त किये जाने के लिए कदम उठाने की मांग कांग्रेस की बघेल सरकार से की है।

आज यहां जारी एक बयान में छग किसान सभा के अध्यक्ष संजय पराते और महासचिव ऋषि गुप्ता ने कहा है कि नाबार्ड के अनुसार प्रदेश में भूमिहीन आदिवासियों सहित लगभग 37 लाख परिवार सरकारी ऋण योजना के दायरे से बाहर हैं, जो खुले बाजार या साहूकारों से कर्ज लेते हैं। उन पर औसतन 50 हजार रुपयों का कर्ज चढ़ा हुआ है, जिसका अधिकांश साहूकारी कर्ज़ों का ही है। ऐसे में केरल की तर्ज़ पर किसान ऋण मुक्ति आयोग बनाकर उन्हें इन कर्ज़ों से छुटकारा दिलाया जा सकता है।

किसान नेताओं ने देरी से हुई वर्षा और अल्पवर्षा से पैदा अकाल की स्थिति पर भी चिंता व्यक्त की है और सूखा प्रभावित क्षेत्रों में तत्काल उठाये जाने वाले अनेकानेक कदमों में से एक के रूप में मनरेगा के जरिये  ग्रामीण किसानों को रोजगार दिए जाने की मांग की है। उन्होंने कहा कि आधा राज्य   और तीन-चौथाई किसानों की फसल सूखे से प्रभावित है। इससे राज्य के विकास दर में भी गिरावट आएगी और पलायन बढ़ने की आशंका है। इसके मद्देनजर किसानों को राहत देने के हर संभव उपाय किये जाने की जरूरत है।
/>

This post have 0 Comments


EmoticonEmoticon

Next article Next Post
Previous article Previous Post

Advertisement