Sep 15, 2017

परीक्षा की तैयारी के लिये - हिन्दी में अनेकार्थी शब्द

Anekarthi-sabd
 प्रत्येक भाषा में ऐसे बहुत से शब्द होते हैं जो अनेकार्थी होते हैं, किंतु संस्कृत शब्दों में यह बात विशेष रूप से पाई जाती है |  ऐसे शब्दों को अनेकार्थी शब्द कहते हैं और उनका अर्थ प्रसंग के अनुसार लगाया जाता है |  नीचे कुछ अनेकार्थी शब्द दिए जाते हैं |

अंक -  गोद,  संख्या के अंक,  नाटक के अंक,  पारिच्छेद , चिन्ह |

अक्ष - पहिया, चुरी, चौसर का पासा, रथ, आंख,ज्ञान,मंडल, एकवाट, आत्मा |

अर्क - सूर्य, मंदार का पौधा, इंद्रा, ताम्र, इस्फतिक, पंडित, बड़ा भाई, रविवार |

अक्षर - आकर आदि, वर्ण, विष्णु, ब्रम्हा , शिव, मोक्ष, गगन, धर्म, तपस्या, जल, नाश रहित सत्य |

अग्र - आगे, पहले अगवा, मुख्य, शिरा,एक राजा का नाम , श्रेष्ट |

अज -  ब्रम्हा , शिव, दशरथ के पिता, बकरा, मेष राशी |

अनन्त - विष्णु, सर्पो का राजा, ब्रम्ह, आकाश, आविनाशी, अंतहीन |

अंतर - आकाश,मध्य, छिद्र, अवसर, अवधि, अंतर्ध्यान, व्यवधान |

अपवाद - कलंक, किसी नियम का ना लग्ना |

अमृत - जल , पारा, दूध, अन्न, स्वर्ण, गिलोय |

अम्बर - वस्त्र , आकाश |

अरुण - सूर्य, सूर्य का सारथी, रक्त वर्ण |

अर्थ - धन, मतलब, कारण |

आत्मा - स्वरुप, ब्रम्हा,परमात्मा,सूर्य,अग्नि |

उत्तर - जवाब,उत्तर दिशा |

कनक - सोना , धतुरा |

कर - हाँथ, किरण, सुड,टैक्स |

गो - सूर्य, बैल, गोमेद, यज्ञ, एक ऋषि का नाम, दिशा, भारती, भूमि, गाय, स्वर्ग, वज, अंबु, किरण, आंख, वाण ,केस, |

गुण -  स्वभाव,  कौशल, सील,  रस्सी, गुना |

 धन -  बादल,  घना,  गणित में किसी संख्या को उसी संख्या में दो बार गुणा करना |

 जलद -  कमल,  मोती,  मछली,  शंख,  शिवार,  चंद्रमा |

 जीवन -  जल,  प्राण |

 तात -  पिता,  भाई,  मित्र,  बड़ा,  गरम,  पूज्य,   प्यारा |

 तारा -  नक्षत्र,  आंख की पुतली,  बाली की स्त्री,  बृहस्पति की स्त्री,  देवी विशेष |

 द्रिज -  पक्षी,  चंद्रमा,  दांत, |

 धात्री -  माता,  आंवला,   पृथ्वी,  उपमाता |

 नाग-  सर्प,   हाथी,   नागकेशर |
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